बिंदुखत्ता क्षेत्र में एक दर्दनाक सड़क हादसे में 20 वर्षीय छात्रा की जान चली गई। खुरियाखत्ता नंबर 12 निवासी महेश कार्की की पुत्री तनूजा कार्की को एक ट्रैक्टर ट्रॉली ने हनुमान मंदिर के पास टक्कर मार दी। इस घटना से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है, जबकि परिवार में मातम छा गया है।
तनूजा के माता-पिता के लिए यह हादसा जीवनभर का गहरा घाव बन गया है। मां जानकी देवी अपनी होनहार बेटी के उज्ज्वल भविष्य के सपने देख रही थीं, लेकिन इस घटना ने उनकी दुनिया उजाड़ दी। पिता महेश कार्की, जो दिन-रात मेहनत करके बच्चों का भविष्य संवारने का प्रयास कर रहे थे, अब गहरे सदमे में हैं।
कैसे हुआ हादसा
तनूजा, जो बीएससी उत्तीर्ण कर एमएससी की तैयारी कर रही थी, स्कूटी से कंप्यूटर कोचिंग सेंटर जा रही थी। हनुमान मंदिर के समीप अचानक पीछे से आ रही ट्रैक्टर ट्रॉली ने उसे जोरदार टक्कर मारी। टक्कर के बाद वह सड़क पर गिर गई और ट्रॉली का एक पहिया उसके ऊपर चढ़ गया। तुरंत उसे हल्द्वानी के सुशीला तिवारी अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
पुलिस ने बरामद किया ट्रैक्टर ट्रॉली
बिंदुखत्ता चौकी प्रभारी सोमेंद्र सिंह ने बताया कि ट्रैक्टर ट्रॉली को जब्त कर लिया गया है। परिवार की ओर से शिकायत दर्ज कराने के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी।
स्थानीय समाज में आक्रोश
इस हादसे के बाद बिंदुखत्ता के स्थानीय लोग आक्रोशित हैं। उनका कहना है कि ट्रैक्टर ट्रॉली जैसे भारी वाहन अक्सर लापरवाही से चलते हैं और प्रशासन इस पर अंकुश लगाने में नाकाम रहा है। ग्रामीणों ने इस मामले में ठोस कार्रवाई और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन से ठोस कदम उठाने की मांग की है।
सड़क सुरक्षा पर सवाल
लापरवाह ड्राइवरों पर कार्रवाई: लोगों ने मांग की है कि लापरवाही से वाहन चलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई हो।
सीसीटीवी कैमरे: दुर्घटना वाले क्षेत्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएं ताकि ऐसी घटनाओं पर नजर रखी जा सके।
नियमित चेकिंग: भारी वाहनों के दस्तावेज और फिटनेस चेक नियमित रूप से किए जाएं।
शिक्षा और जागरूकता की मिसाल थी तनूजा
तनूजा न केवल अपने परिवार के लिए बल्कि अपने दोस्तों और समुदाय के लिए भी प्रेरणा थी। पढ़ाई के प्रति उसका समर्पण और आगे बढ़ने की ललक हर किसी को प्रेरित करती थी। उसकी असमय मौत ने न केवल उसके परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है।
परिवार के लिए सहायता की मांग
स्थानीय सामाजिक संगठनों ने प्रशासन से परिवार को आर्थिक सहायता देने की मांग की है ताकि इस कठिन समय में उन्हें सहारा मिल सके। लोगों ने आपस में चंदा इकट्ठा कर परिवार की मदद करने की भी पहल की है।
तनूजा को श्रद्धांजलि
गुरुवार को होने वाले अंतिम संस्कार में पूरे क्षेत्र के लोग शामिल होकर तनूजा को श्रद्धांजलि देंगे। इस दर्दनाक हादसे ने सभी को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि सड़क सुरक्षा को लेकर और सतर्कता बरतने की जरूरत है।
