संघर्ष, मेहनत और दृढ़ संकल्प – जब ये तीनों मिलते हैं, तो सफलता खुद कदम चूमती है। यही साबित किया है भावना जोशी ने, जिन्होंने SSC परीक्षा में ऑल इंडिया 120वीं रैंक हासिल कर विदेश मंत्रालय में असिस्टेंट सेक्शन ऑफिसर के पद पर अपनी जगह बनाई है। उत्तराखंड के छोटे से गांव मोटाहल्दू की बेटी भावना जोशी ने अपनी मेहनत और लगन से बड़ी उपलब्धि हासिल की है। भावना की इस सफलता से पूरे क्षेत्र में हर्ष और गर्व का माहौल है।
भावना जोशी ग्राम किशनपुर सकुलिया, मोटाहल्दू की निवासी हैं। मध्यमवर्गीय परिवार से ताल्लुक रखने वाली भावना के पिता नंदन जोशी गौला खनन क्षेत्र में व्यवसायी हैं। उनकी इस उपलब्धि से न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई है।
सम्मान समारोह में गूंजे बधाई संदेश
भावना की इस ऐतिहासिक सफलता पर मंगलवार को उनके घर पर सम्मान समारोह आयोजित किया गया, जहां ग्राम प्रधान रमेश चंद जोशी, प्रधान विपिन जोशी समेत गौला खनन मजदूर उत्थान समिति के पदाधिकारियों और क्षेत्र के गणमान्य लोगों ने उन्हें शॉल और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। इस दौरान मिठाइयां बांटी गईं और सभी ने भावना के उज्जवल भविष्य की कामना की।
सम्मान समारोह में मोटाहल्दू व्यापार मंडल के अध्यक्ष संदीप पांडे, राजू चौबे, कमल बिष्ट, विक्की पाठक, खीमानंद चौबे, सुरेश जोशी, हेमचंद्र जोशी सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
बिटिया की सफलता पर गर्व
भावना की इस उपलब्धि से न सिर्फ उनके परिवार बल्कि पूरे मोटाहल्दू क्षेत्र का नाम रोशन हुआ है। उनकी सफलता उन सभी युवाओं के लिए प्रेरणा है जो प्रतिभा और मेहनत के दम पर ऊंचाइयों को छूना चाहते हैं।
भावना जोशी ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और परिवार के सहयोग को दिया और कहा कि “अगर लक्ष्य स्पष्ट हो और मेहनत सच्ची हो, तो कोई भी सपना पूरा किया जा सकता है।”
भावना की इस उपलब्धि ने यह साबित कर दिया है कि छोटे कस्बों और गांवों के युवा भी मेहनत से अपने सपनों को साकार कर सकते हैं।
