हल्द्वानी शहर की यातायात व्यवस्था को सुचारू करने के लिए 21 जून 2025 से सिटी बस सेवा शुरू की जाएगी। इस निर्णय को रीजनल ट्रांसपोर्ट एथॉरिटी (RTA) की बैठक में आयुक्त/सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने मंजूरी दी। बैठक में तय किया गया कि 168 किलोमीटर के दायरे में सिटी बसें संचालित होंगी, जिन्हें प्राइवेट ऑपरेटर चलाएंगे। बसों की खरीद के लिए ऑपरेटरों को तीन महीने का समय दिया गया है।
सिटी बसों के प्रमुख रूट
नए परिवहन सिस्टम के तहत छह प्रमुख रूट तय किए गए हैं:
रूट 1 (45.60 किमी): रानीबाग – रोडवेज बस स्टैंड – मुखानी – कुसुमखेड़ा – फतेहपुर – लामाचौड़ – कठघरिया – चंबलपुल – हाइडिल गेट – रानीबाग
रूट 2 (33.60 किमी): बस स्टेशन – मंगलपड़ाव – गांधी स्कूल – तीनपानी – टीपीनगर – पाल कॉलेज – मुखानी – कालाढूंगी चौराहा – बस स्टेशन
रूट 3 (33.60 किमी): बस स्टेशन – काठगोदाम रेलवे स्टेशन – स्टेडियम – गोरा पड़ाव – एसटीएच – पीलीकोठी – मुखानी – कालाढूंगी चौराहा – बस स्टेशन
रूट 4 (12.20 किमी): बस स्टेशन – सिंधी चौराहा – रामपुर रोड – देवलचौड़ – बिड़ला स्कूल – मुखानी – कालाढूंगी चौराहा – बस स्टेशन
रूट 5 (18.80 किमी): बस स्टेशन – नवाबी रोड – मुखानी – कुसुमखेड़ा – कमलुवागांजा – लामाचौड़ – भाखड़ा
रूट 6 (21.60 किमी): बस स्टेशन – स्टेडियम रोड – मुखानी – कुसुमखेड़ा – ऊंचापुल – कमलुवागांजा – मुखानी – बस स्टेशन
पर्यावरण के अनुकूल और अत्याधुनिक सुविधाओं वाली बसें
सरकार ने स्पष्ट किया है कि सभी बसें CNG या BS-VI मानकों पर आधारित होंगी, जिससे प्रदूषण में कमी आएगी। इस सेवा के तहत:
- महिलाओं, बुजुर्गों और दिव्यांगजनों के लिए विशेष सुविधाएं होंगी।
- बसों में CCTV कैमरे, GPS, डिजिटल रूट डिस्प्ले होंगे।
- बसों का रंग एक समान होगा और हर रूट के लिए विशेष पहचान चिह्न होंगे।
- सर्दियों में बसें सुबह 8:00 से रात 8:30 बजे तक और गर्मियों में सुबह 6:30 बजे से संचालित होंगी।
नैनीताल और कैंचीधाम के लिए भी नई बस सेवा
बैठक में नैनीताल के ट्रैफिक प्रबंधन पर भी चर्चा हुई। वन-वे सिस्टम को ध्यान में रखते हुए वहां तीन रूटों पर नगर बसों का संचालन किया जाएगा, जिससे कॉलेज छात्रों और नौकरीपेशा लोगों को फायदा मिलेगा।
इसके अलावा, हल्द्वानी से कैंचीधाम मंदिर के लिए नई शटल बसों को भी जल्द शुरू किया जाएगा। पहले केवल 6 शटल बसें चल रही थीं, अब 25 निजी व केमू बसों को अनुमति दी गई है।
सख्त ट्रैफिक प्रबंधन और नए परमिटों की समीक्षा
- ओवरलोडिंग पर सख्त कार्रवाई होगी, खासकर पहाड़ी क्षेत्रों में।
- भारी वाहनों के परमिट आबादी वाले इलाकों में प्रतिबंधित होंगे।
- 9 जनवरी 2025 के बाद जारी नए परमिटों की समीक्षा की गई।
- पर्वतीय और मैदानी क्षेत्रों में 35 रूटों पर बस संचालन की स्वीकृति दी गई।
यातायात सुधार का बड़ा कदम
इस महत्वपूर्ण बैठक में RTO संदीप सैनी, गुरदेव सिंह, विनोद मेहरा, सूरज प्रकाश तिवारी और रोडवेज, केमू एवं निजी बस एसोसिएशन के प्रतिनिधि मौजूद रहे। इस निर्णय से हल्द्वानी की ट्रैफिक समस्या का समाधान होगा, यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी, और शहर को एक “क्लीन और ग्रीन हल्द्वानी” के रूप में विकसित करने में मदद मिलेगी।
